US-Israel-Iran War: अमेरिका, इजरायल और ईरान के बीच शुरू हुआ टकराव अब पूरे खाड़ी और पश्चिम एशिया क्षेत्र में फैल चुका है. कई देश सीधे या परोक्ष रूप से इस संघर्ष की चपेट में आ गए हैं. एक तरफ ईरान ने इजरायल और अमेरिकी ठिकानों पर जवाबी हमले किए हैं, वहीं दूसरी ओर अमेरिका और इजरायल ने ईरान के भीतर सैकड़ों स्थानों को निशाना बनाया है. हालात लगातार बिगड़ते जा रहे हैं.
ईरान ने अब तक कहां-कहां किए हमले
न्यू यॉर्क टाइम्स की रिपोर्ट के अनुसार, ईरान ने इजरायल के तेल अवीव और अन्य शहरों पर लगातार हमले किए. कतर की राजधानी दोहा में कई धमाकों और मिसाइल तथा बिना चालक वाले विमान से हमलों की खबरें आईं. कुवैत में अमेरिकी सेना के आरिफजान अड्डे पर बिना चालक वाले विमान से हमला किया गया. सऊदी अरब में तेल शोधक कारखानों और अमेरिकी ठिकानों से जुड़े इलाकों को निशाना बनाया गया. संयुक्त अरब अमीरात में मुसफ्फा के पास हवाई अड्डे पर हमला हुआ, जबकि दुबई और अबू धाबी में भी हमलों की खबरें आईं. जॉर्डन में अमेरिकी सैन्य मौजूदगी वाले इलाकों के आसपास हमले की सूचना है. बहरीन में अमेरिकी अड्डे पर मिसाइल और बिना चालक वाले विमान से हमला किया गया. साइप्रस में भी हमलों की खबर सामने आई है. खाड़ी क्षेत्र के ऊर्जा ठिकानों और होर्मुज़ जलडमरूमध्य के पास तेल टैंकर और ऊर्जा ढांचे पर बिना चालक वाले विमान से हमले किए गए.
किस देश में कितनी मौतें और कितने घायल?

क्षेत्र में फैला संघर्ष, और सैनिक भेजेगा अमेरिका
सोमवार तक यह टकराव और फैल गया. कई देश और गुट इसमें किसी न किसी रूप में शामिल हो गए हैं. अमेरिकी रक्षा विभाग ने घोषणा की है कि और सैनिक मध्य पूर्व भेजे जाएंगे. इस बीच खबर है कि अमेरिकी राष्ट्रपति ने ईरान में जमीनी सैनिक भेजने की संभावना से इनकार नहीं किया है.
जवाबी हमले और बढ़ती मौतें
शनिवार को इजरायल और अमेरिका के पहले हमलों के बाद ईरान ने जवाबी कार्रवाई की. उसने इजरायल के साथ-साथ कतर, कुवैत, बहरीन और संयुक्त अरब अमीरात में अमेरिकी ठिकानों को निशाना बनाया. जॉर्डन और सऊदी अरब के अधिकारियों ने कहा कि उन्होंने ईरानी हमलों को हवा में ही रोक दिया. लेबनान और इराक में ईरान समर्थित गुट भी इस संघर्ष में शामिल हो गए हैं.
रविवार को कुवैत में अमेरिकी सैनिकों वाले अड्डे पर हुए हमले में तीन अमेरिकी सैनिकों की मौत हो गई. पांच अन्य गंभीर रूप से घायल हुए और कई अन्य को चोटें आईं. इजरायल के बेइत शेमेश शहर में ईरानी हमले में कम से कम नौ लोगों की मौत हुई और करीब तीस लोग घायल हुए. यह अब तक का सबसे बड़ा नुकसान माना जा रहा है.
शनिवार को बहरीन की राजधानी मनामा में अमेरिकी नौसेना के पांचवें बेड़े के मुख्यालय पर मिसाइल गिरी. कुवैत के मुख्य हवाई अड्डे पर भी बिना चालक वाला विमान गिरा. सीरिया के दक्षिणी शहर सुवैदा में एक इमारत पर ईरानी मिसाइल गिरने से चार लोगों की मौत हो गई. लेबनान में ईरान समर्थित हिजबुल्लाह ने इजरायल पर रॉकेट दागे, जिसके बाद इजरायल ने बेरूत के पास उसके ठिकानों पर बमबारी की.
तेहरान में बड़े धमाके, खामेनेई की मौत
ईरान की राजधानी तेहरान में बड़े धमाकों से हालात बिगड़ गए. सड़कों पर अफरातफरी मच गई. यह शहर सबसे ज्यादा प्रभावित इलाकों में शामिल है. शनिवार को ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई के सुरक्षित परिसर पर हुए हमले में उनकी मौत हो गई. उपग्रह तस्वीरों में भारी नुकसान दिखा है. तेहरान के नर्मक इलाके में बहत्तरवें चौक के पास रिहायशी क्षेत्र पर भी हमला हुआ. वहां एक विद्यालय पर प्रहार हुआ, जिसमें दो छात्रों की मौत की खबर है. ईरान के खुफिया मंत्रालय के पास के इलाके को भी निशाना बनाया गया. रविवार को अमेरिकी हमलों में इस्लामी क्रांतिकारी गार्ड कोर के मुख्यालय को नष्ट कर दिया गया.
तेहरान के बाहर भी भारी तबाही
अमेरिका और इजरायल ने तेहरान के बाहर भी कई बड़े शहरों को निशाना बनाया. दक्षिणी शहर मिनाब में एक बालिका विद्यालय पर हुए हमले में कम से कम एक सौ पचहत्तर लोगों की मौत हो गई. यह अब तक की सबसे बड़ी सामूहिक मौत की घटना बताई जा रही है. विद्यालय के पास ईरान की शक्तिशाली सैन्य इकाई का नौसैनिक अड्डा भी है. दक्षिणी शहर लामेर्द में खेल परिसर और एक विद्यालय के पास के भवन पर हमले में कम से कम अठारह नागरिकों की मौत हुई.
कितनी जगहों पर हुए हमले
जानकारी के अनुसार अमेरिका ने ईरान में बारह सौ पचास से अधिक स्थानों पर हमले किए हैं. इजरायल ने भी ईरान के भीतर दो सौ पचास से ज्यादा स्थानों को निशाना बनाया है.