चार साल बाद भारत पहुंची रूसी सेना, राजस्थान में फिर शुरू हुई ‘इंद्रा एक्सरसाइज’



रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन की भारत यात्रा से पहले दोनों देशों के बीच सैन्य सहयोग एक बार फिर बढ़ गया है. भारत और रूस की सेनाओं के बीच वार्षिक युद्धाभ्यास ‘इंद्रा’ (INDRA) चार साल के अंतराल के बाद फिर से शुरू हो गया है.

राजस्थान के महाजन फील्ड फायरिंग रेंज में सोमवार (6 अक्टूबर, 2025) से ‘इंद्रा-2025’ का आगाज हो चुका है, जिसका समापन अगले हफ्ते बुधवार (15 अक्टूबर, 2025) को होगा. मिलिट्री एक्सरसाइज के औपचारिक उद्घाटन समारोह में अभ्यास के पर्यवेक्षक मेजर जनरल आंद्रे कोजलोव और भारतीय सेना की गांडीव डिवीजन के कमांडर मेजर जनरल संजय चंद्र कांडपाल सहित दोनों देशों की सैन्य टुकड़ी शामिल हुई.

2003 में शुरू हुई थी रूस और भारत की साझा इंद्रा मिलिट्री एक्सरसाइज

रूस के रक्षा मंत्रालय ने उद्घाटन समारोह की तस्वीरें और वीडियो साझा कर इंद्रा एक्सरसाइज की घोषणा की. साल 2003 से भारत और रूस के बीच साझा मिलिट्री एक्सरसाइज इंद्रा का आयोजन किया जाता है. ये एक्सरसाइज, दोनों देशों की थलसेना, वायुसेना और नौसेना आयोजित करती हैं. यहां तक की साल 2017 में दोनों देशों की सेनाओं ने ट्राई-सर्विस इंद्रा एक्सरसाइज का आयोजन भी किया था. 

यूक्रेन युद्ध के रूस के उलझे रहने के कारण रोक दिया गया था इंद्रा एक्सरसाइज

साल 2022 में रूस-यूक्रेन युद्ध शुरू होने के बाद से इंद्रा एक्सरसाइज को रोक दिया गया था. आखिरी इंद्रा एक्सरसाइज साल 2021 में आयोजित की गई थी. क्योंकि रूसी सेना, यूक्रेन से युद्ध में उलझी हुई थी. यूक्रेन जंग में बढ़त बनाने के बाद रूस ने एक बार फिर से वॉर-गेम शुरू कर दिए हैं. पिछले महीने रूस ने बेलारूस के साथ ‘जैपाड’ मल्टीनेशनल एक्सरसाइज का आयोजित की थी, जिसमें भारत, चीन, पाकिस्तान और अमेरिका से सहित एक दर्जन देशों की सैन्य टुकड़ी और मिलिट्री ऑब्जर्वर ने हिस्सा लिया था.

क्या है भारत और रूस के इंद्रा एक्सरसाइज का उद्देश्य?

इंद्रा एक्सरसाइज का उद्देश्य, अंतरराष्ट्रीय आतंकवाद के खिलाफ साझा लड़ाई सहित दोनों देशों की सेनाओं के बीच समन्वय और सामंजस्य बढ़ाना है. एक्सरसाइज के जरिए दोनों देशों की सेनाएं, आतंकवाद-रोधी अभियानों की रणनीति में सुधार करना भी शामिल है.

रूसी रक्षा मंत्रालय के मुताबिक, एक्सरसाइज के जरिए दोनों देशों की सेनाएं परिचालन संगतता बढ़ाने और आधुनिक युद्ध के संदर्भ में सर्वोत्तम प्रथाओं का आदान-प्रदान करने पर विशेष ध्यान देंगी. साथ ही अभ्यास का उद्देश्य दोनों देशों के बीच रक्षा सहयोग मजबूत करना और साझा सुरक्षा चुनौतियों का सामना करने के लिए संयुक्त क्षमता विकसित करना है. एक्सरसाइज के जरिए भारत-रूस रणनीतिक साझेदारी को और मजबूत बनाने में मदद मिलेगी.

मेजर जनरल कांडपाल के मुताबिक, एक्सरसाइज के जरिए दोनों देशों की सेनाएं वैश्विक शांति और सुरक्षा के लिए प्रतिबद्धता जता रही हैं. दोनों देशों की साझा ताकत ही निकट भविष्य में शांति स्थापित करेगी.

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