हैदराबाद शहर के ऐतिहासिक और संवेदनशील माने जाने वाले पुराने पुल इलाके में बुधवार (14 जनवरी, 2026) की रात हुई अप्रिय घटना के बाद शुक्रवार (16 जनवरी, 2026) को शांति और सुरक्षा का माहौल बनाने के लिए हैदराबाद पुलिस ने अपनी पूरी ताकत झोंक दी. शुक्रवार (16 जनवरी) की नमाज और क्षेत्र में व्याप्त तनाव को देखते हुए DCP गोलकोंडा जोन जी. चंद्र मोहन के नेतृत्व में पुलिस ने एक विशाल फ्लैग मार्च निकाला. इस मार्च में एसीपी टोलीचौकी डिवीजन सैयद फैयाज, एसीपी गोशामहल और एसीपी आसिफ नगर सहित भारी संख्या में पुलिस बल और अर्धसैनिक बलों के जवान शामिल थे.
यह फ्लैग मार्च शहर में अमन को बरकरार रखने के लिए आसिफ नगर से शुरू होकर झिरा, टप्पाचबूतरा, मंगलहाट और कुलसुमपुरा जैसे घनी आबादी वाले और संवेदनशील इलाकों से होते हुए पुराने पुल पर संपन्न हुआ.
उपद्रवी ने मंदिर में मूर्ति को पहुंचाया था आंशिक नुकसान
जानकारी के मुताबिक, बुधवार (14 जनवरी, 2026) की देर रात पुराने पुल के पास स्थित मैसम्मा मंदिर में एक उपद्रवी ने फ्लेक्सी बैनर और मूर्ति को आंशिक रूप से नुकसान पहुंचाया था. इस घटना की खबर जंगल में आग की तरह फैली, जिसके बाद लगभग 300 लोगों की भीड़ जमा हो गई. देखते ही देखते विरोध प्रदर्शन ने हिंसक रूप ले लिया, जिसमें एक चिल्ला (धार्मिक स्थल) और वाहनों को निशाना बनाया गया. इस दौरान हुई पत्थरबाजी में एक इंस्पेक्टर सहित करीब 10 पुलिसकर्मी घायल हुए थे.
DCP जी. चंद्र मोहन ने लोगों से की अपील
फ्लैग मार्च के दौरान जनता को संबोधित करते हुए DCP जी. चंद्र मोहन ने स्पष्ट किया कि स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है और पुलिस उपद्रवियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई कर रही है. उन्होंने कहा, ‘किसी भी सोशल मीडिया के अफवाह पर यकीन न करें. पुलिस की नजर हर गतिविधि पर है. अमन का माहौल बरकरार रखना हमारी सामूहिक जिम्मेदारी है और कानून हाथ में लेने वालों को बख्शा नहीं जाएगा.’
24 घंटे में मुख्य आरोपी को पुलिस ने किया गिरफ्तार
पुलिस ने इस मामले में तकनीकी साक्ष्यों और CCTV फुटेज के आधार पर मुख्य आरोपी को 24 घंटे के भीतर गिरफ्तार कर लिया है. शुक्रवार (16 जनवरी) का यह फ्लैग मार्च न केवल सुरक्षा प्रदर्शन था, बल्कि स्थानीय निवासियों में विश्वास पैदा करने की एक कोशिश भी थी ताकि दैनिक जीवन सामान्य रूप से चलता रहे.
इलाके में भारी पुलिस बल तैनात
पुराने शहर के इन इलाकों में फिलहाल शांती बनी हुई है. सुरक्षा और शबे मेराज को नजर में रखते हुए भारी पुलिस बल को तैनात किया गया है. आला अधिकारियों की मौजूदगी ने यह संदेश साफ कर दिया है कि हैदराबाद पुलिस सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने वाली किसी भी कोशिश को बर्दाश्त नहीं करेगी. स्थानीय नागरिकों ने भी पुलिस की इस पहल का स्वागत किया है, जिससे इलाके में धीरे-धीरे जनजीवन पटरी पर लौट रहा है.
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