अमेरिकी राज्य जॉर्जिया के लॉरेंस विले में पारिवारिक विवाद से जुड़े एक मामले में चार लोगों की मौत ने हड़कंप मचा दिया है. ये हत्याएं गोलीबारी के दौरान हुई हैं. इनमें एक भारतीय नागरिक के शामिल होने की भी खबर है. अधिकारियों ने बताया कि यह घटना और भी जानलेवा हो सकती थी, अगर 12 साल के एक बच्चे ने समझदारी न दिखाई होती.
जानकारी के मुताबिक, ब्रूक आइवी कोर्ट के पास एक घर में हमला हुआ. इस दौरान 10 से 12 साल के तीन बच्चे अलमारी में जा छिपे. इनमें से सबसे बड़े बच्चे ने इमरजेंसी नंबर 911 पर कॉल किया. इससे पुलिस कुछ ही मिनटों में घटनास्थल पर पहुंच गई. इस समझदारी से तीनों बच्चे सुरक्षित बच गए. उन्हें परिवार के एक सदस्य की देख-रेख में रखा गया है.
पुलिस ने क्या जानकारी दी?
ग्विनेट काउंटी पुलिस कॉर्पोरल एंजेला कार्टर ने कहा कि एक ही वक्त में बच्चों की मौजूदगी में चार लोगों की मौत बेहद ही भयावह और दुखद है. संदिग्ध की पहचान अटलांटा के रहने वाले 51 साल के विजय कुमार के रूप में हुई है. उस पर बेरहम हमले, हत्या और बच्चों के प्रति फर्स्ट और थर्ड डिग्री की क्रूरता करने के आरोप हैं. मृतकों में कुमार की पत्नी मीनू डोगरा (43), तीन रिश्तेदार, जिनमें गौरव कुमार (33), निधि चंदर (37), हरीश चंदर (38) शामिल हैं. यह सभी लॉरेंस विले में रहते थे.
क्या हुआ जांच में खुलासा?
इस पूरे मामले में जांचकर्ताओं ने बताया कि कुमार और डोगरा के अटलांटा में स्थित घर में विवाद शुरू हुआ था. इसके बाद वो अपने 12 साल के बच्चे के साथ लॉरेंस विले स्थित घर में आया था. पुलिस ने बताया कि अबतक झगड़े की वजह सामने नहीं आई है. वो घर क्यों आया, या घटना किस वजह से हुई है, अबतक इसकी जानकारी नहीं है. इधर, अटलांटा में भारत महावाणिज्य दूतावास ने घटना पर दुख व्यक्त किया है.
दूतावास ने एक्स पर पोस्ट साझा करते हुए लिखा कि हम एक गोलीबारी की घटना से बेहद ही दुखी हैं. यह एक पारिवारिक विवाद से जुड़ा मसला है. इसमें एक भारतीय नागरिक की मौत हुई है. कथित शूटर को गिरफ्तार कर लिया गया है. पीड़ित परिवार को हर संभव सहायता दी जा रही है.