पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (पीओके) में विरोध प्रदर्शन को दबाने के लिए पाकिस्तान ने एक बार फिर सख्त कार्रवाई की है. धीरकोट से अवामी एक्शन कमेटी के शीर्ष नेता शौकत नवाज़ मीर को आतंकवाद और देशद्रोह के आरोप में गिरफ्तार कर लिया गया है. जानकारी के अनुसार, शौकत नवाज़ मीर पिछले तीन सप्ताह से धीरकोट के एक घर में छिपे हुए थे और वहीं से कथित रूप से आंदोलन का संचालन कर रहे थे. बताया जा रहा है कि शाम के समय पाकिस्तानी रेंजर्स और पीओके पुलिस जंगल के रास्ते उस घर तक पहुंचे. कार्रवाई के दौरान सुरक्षा बलों ने पहले कई राउंड हवाई फायरिंग की और उसके बाद शौकत नवाज़ मीर को गिरफ्तार कर लिया.
अन्य नेताओं की तलाश तेज
शौकत नवाज़ मीर की गिरफ्तारी के बाद पाकिस्तान की सुरक्षा एजेंसियों ने आंदोलन से जुड़े अन्य नेताओं की तलाश भी तेज कर दी है. इसी क्रम में रावलाकोट में आंदोलन के प्रमुख आयोजकों में शामिल सरदार उमर नज़ीर के घर पर भी देर रात पुलिस और रेंजर्स ने तलाशी अभियान चलाया.
पहले भी हुई थी बड़ी कार्रवाई
यह पहली बार नहीं है जब पाकिस्तान ने प्रदर्शनकारियों पर सख्ती दिखाई है. पिछले 22 दिनों से जारी आंदोलन को रोकने के लिए इससे पहले भी पाकिस्तान की ओर से कई कार्रवाई की जा चुकी हैं. एक दिन में करीब 150 लोगों को पीओके की सरकार ने कथित तौर पर आतंकवादी घोषित कर दिया था. करीब दो सप्ताह पहले आंदोलन के चार प्रमुख नेताओं शौकत नवाज़ मीर, सरदार उमर नज़ीर, सरदार अमान खान और ख्वाजा मेहरान के खिलाफ देशद्रोह और आतंकवाद के मामले दर्ज किए गए थे. इन चारों नेताओं की गिरफ्तारी पर एक एक करोड़ रुपये का इनाम भी घोषित किया गया था.
22वें दिन भी जारी है बड़ा प्रदर्शन
इन कार्रवाइयों के बावजूद पीओके में विरोध प्रदर्शन थमा नहीं है. आंदोलन के 22वें दिन रावलाकोट के ईदगाह मैदान में 60 हजार से अधिक प्रदर्शनकारी मौजूद बताए जा रहे हैं. इंटरनेट सेवाएं बंद होने के बावजूद पीओके के कई इलाकों में पाकिस्तान सरकार के खिलाफ रैलियां निकाली जा रही हैं.
मुजफ्फराबाद कूच की तैयारी की चर्चा
शौकत नवाज़ मीर की गिरफ्तारी के बाद माना जा रहा है कि अवामी एक्शन कमेटी आने वाले दिनों में मुजफ्फराबाद कूच का ऐलान कर सकती है. फिलहाल पाकिस्तान की सुरक्षा एजेंसियां आंदोलन को नियंत्रित करने के प्रयास में जुटी हैं, जबकि प्रदर्शनकारी अपना विरोध जारी रखे हुए हैं.