नेपाल की नवनियुक्त कार्यवाहक प्रधानमंत्री सुशीला कार्की ने हाल ही में अपने अंतरिम मंत्रिमंडल में 4 नए मंत्रियों को शामिल किया है. राष्ट्रपति कार्यालय शीतल निवास में समारोह के दौरान राष्ट्रपति रामचंद्र पौडेल ने पूर्व न्यायाधीश अनिल कुमार सिन्हा, राष्ट्रीय आविष्कार केंद्र के संस्थापक महावीर पुन, पत्रकार जगदीश खरेल और विशेषज्ञ मदन परियार को पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई. हालांकि इनमें सबसे खास हैं महावीर पुन.
नेपाल के नवनियुक्त शिक्षा, विज्ञान एवं प्रविधि मंत्री महावीर पुन एक ऐसे मंत्री हैं, जो मंत्रालय में ही रहते हैं और तो और अपना खाना भी वो खुद ही बनाते हैं. महावीर पुन ने शपथ ग्रहण के अगले ही दिन से मंत्रालय में रहना शुरू कर दिया है.
नेपाल के नए शिक्षा मंत्री ने क्या कहा
ठमेल केशर महल स्थित शिक्षा मंत्रालय में अपने भोजन और आवास की व्यवस्था करते हुए मंत्री पुन ने बताया कि वो मंत्रालय में इसलिए रह रहे हैं ताकि समय बर्बाद न हो और देश के लिए ज्यादा से ज्यादा काम किया जा सके. उन्होंने कहा कि चूंकि समय बहुत कम है, इसलिए वो उद्घाटन या भाषण देने नहीं जाएंगे और मंत्रालय के काम में पूरी तरह डूब जाएंगे.
महावीर पुन ने बताई जिम्मेदारियां
नेपाल के शिक्षा मंत्री महावीर पुन ने कहा कि यह जमा राशि छह महीने के लिए है. मैं इस एक महीने में क्या कर सकता हूं? एक मंत्री के रूप में मैं क्या-क्या कर सकता हूं? अब मेरे पास सिर्फ 5 महीने हैं. आखिरी पांच महीने चुनावों के लिए हैं और चुनावों की तैयारियां चल रही हैं. मंत्रालय में काम करने वाले सभी लोगों को चुनावों के लिए काम करना है.
बता दें कि नेपाल में बीते दिनों हुई जेन-जी क्रांति के बाद सुशीला कार्की को अंतरिम पीएम बनाया गया है. उनके मंत्रिपरिषद में 4 नए मंत्रियों के शामिल होने के साथ ही अब मंत्रियों की संख्या बढ़कर 8 हो गई है. प्रधानमंत्री कार्की ने कई महत्वपूर्ण विभाग जैसे कि उद्योग, वाणिज्य और आपूर्ति मंत्रालय अपने पास रखा है.
इनपुट- बीरेंद्र कुमार
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