भारत और अमेरिका के बीच अंतरिम ट्रेड डील के फ्रेमवर्क के ऐलान के साथ एक और बात ने सबका ध्यान खींचा है. अमेरिका की ट्रंप सरकार की ओर से जारी भारत के नए नक्शे ने पाकिस्तान को असहज कर दिया है और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नई चर्चा शुरू हो गई है. अमेरिका के ट्रेड रिप्रेजेंटेटिव ऑफिस ने ट्रेड डील की जानकारी देते समय जो नक्शा जारी किया, उसमें पूरा जम्मू-कश्मीर, पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (PoK) और अक्साई चिन को भारत का हिस्सा दिखाया गया है.
हालांकि भारत हमेशा से यह साफ कहता आया है कि जम्मू-कश्मीर उसका अभिन्न अंग है और इसके लिए किसी बाहरी देश की मंजूरी की जरूरत नहीं है. इसके बावजूद अमेरिका की तरफ से इस तरह का नक्शा जारी किया जाना पाकिस्तान के लिए एक बड़ा राजनीतिक और कूटनीतिक झटका माना जा रहा है.
क्यों अहम है यह नक्शा?
अब तक अमेरिका की सरकारी एजेंसियां नक्शों में PoK को लेकर संतुलित रुख अपनाती रही थीं, ताकि पाकिस्तान की आपत्तियों से बचा जा सके. लेकिन ट्रंप प्रशासन के इस ताजा नक्शे में पाकिस्तान के दावों को पूरी तरह नजरअंदाज किया गया है. यही वजह है कि यह कदम अमेरिका की पुरानी नीति से अलग माना जा रहा है. इसका समय भी काफी अहम है. हाल ही में भारत और अमेरिका के बीच ट्रेड डील को लेकर लंबी बातचीत चली थी. पहले ट्रंप प्रशासन ने भारत पर 50 प्रतिशत तक टैरिफ लगाया था, जो सहयोगी देशों में सबसे ज्यादा था. अब अंतरिम समझौते के तहत इसे घटाकर 18 प्रतिशत कर दिया गया है, जिससे भारतीय निर्यातकों को बड़ी राहत मिली है.
From tree nuts and dried distillers’ grains to red sorghum and fresh and processed fruit, the U.S.-India Agreement will provide new market access for American products. pic.twitter.com/mqpP10LJp1
— United States Trade Representative (@USTradeRep) February 6, 2026
अक्साई चिन को भी भारत का हिस्सा दिखाया गया
इस नक्शे की एक और खास बात यह है कि इसमें अक्साई चिन को भी भारत का हिस्सा दिखाया गया है. यह वही इलाका है जिस पर चीन लंबे समय से दावा करता रहा है. पहले भारत ने कई बार विदेशी एजेंसियों द्वारा जारी गलत नक्शों पर आपत्ति जताई थी. ट्रंप प्रशासन का यह कदम भारत की उन्हीं आपत्तियों को मान्यता देने जैसा माना जा रहा है.
विशेषज्ञों की प्रतिक्रिया
रणनीतिक मामलों के जानकारों ने इस कदम की सराहना की है. रिटायर्ड मेजर गौरव आर्य ने सोशल मीडिया पर लिखा कि यह अमेरिका का शानदार कदम है. कई लोगों का कहना है कि यह पाकिस्तान की हालिया कूटनीतिक कोशिशों के लिए बड़ा झटका है.
ट्रेड डील से भारत को फायदा
इस अंतरिम ट्रेड डील से भारत को स्टील, एल्युमिनियम, फार्मा, ऑटो और ऑटो पार्ट्स जैसे क्षेत्रों में राहत मिली है. वहीं कृषि और डेयरी जैसे संवेदनशील मुद्दों पर भारत ने अपने हितों की पूरी रक्षा की है.