वेनेजुएला अब बड़े पैमाने पर अपना कच्चा तेल भारत भेज रहा है. वेनेजुएला और अमेरिका के बीच हुई नई सप्लाई डील के बाद वेनेजुएला से तेल एक्सपोर्ट में तेज़ी आई है और अब पहली बार बेहद बड़े क्रूड कैरियर्स (VLCCs) के जरिए भारत को शिपमेंट भेजे जा रहे हैं.
रॉयटर्स की रिपोर्ट के अनुसार ट्रेडिंग कंपनियों और खरीदारों ने वेनेजुएला के तेल इम्पोर्ट के लिए पहली बार बहुत बड़े क्रूड कैरियर (Very Large Crude Carriers – VLCCs) बुक किए हैं. ये टैंकर एक बार में करीब 20 लाख (2 मिलियन) बैरल तक कच्चा तेल ले जा सकते हैं. यह क्षमता सूएजमैक्स टैंकरों से लगभग दोगुनी और अफ्रामैक्स टैंकरों से लगभग चार गुना अधिक है. इससे परिवहन लागत कम होगी और डिलीवरी की गति तेज होगी. विटोल और ट्रैफिगुरा की तरफ से चार्टर्ड कम से कम तीन VLCC — Nissos Kea, Nissos Kythnos और Arzanah को PDVSA के जोसे टर्मिनल से मार्च में लोडिंग स्लॉट दिया गया है. ये सभी जहाज भारत के लिए रवाना होंगे. इसके अलावा Olympic Lion नामक एक और सुपर टैंकर भी वेनेजुएला की ओर बढ़ रहा है.
भारत के लिए अवसर
भारत 2019 में अमेरिकी प्रतिबंधों से पहले वेनेजुएला के तेल का तीसरा सबसे बड़ा खरीदार था. प्रतिबंधों के बाद आपूर्ति लगभग ठप हो गई थी. अब अमेरिका की तरफ से लाइसेंसिंग ढांचे के तहत कुछ रियायतें देने के बाद व्यापार फिर से पटरी पर लौट रहा है. अमेरिकी कंपनी शेवरॉन ने दिसंबर 2023 के बाद पहली बार वेनेजुएला का Boscan हेवी क्रूड रिलायंस इंडस्ट्रीज को बेचा है. यह लगभग छह साल बाद ऐसी पहली बड़ी बिक्री है. रिलायंस ने विटोल से 20 लाख बैरल का एक और कार्गो भी खरीदा है और PDVSA से सीधे खरीद की संभावनाएं भी तलाश रही है. ट्रेडिंग कंपनियों ने इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन (IOC), भारत पेट्रोलियम (BPCL) और एचपीसीएल मित्तल एनर्जी को भी वेनेजुएला का भारी कच्चा तेल बेचा है. भारत, रूसी तेल पर निर्भरता कम करने और स्रोतों में विविधता लाने के लिए यह कदम उठा रहा है.
तेल की कीमत क्या होगी?
भारत के रिफाइनर वेनेजुएला के रियायती दर पर मिलने वाले Merey हेवी क्रूड में दिलचस्पी दिखा रहे हैं. हालांकि वैश्विक बाजार में बैकवर्डेशन की स्थिति के कारण मुनाफे का मार्जिन कुछ कम हुआ है, लेकिन बड़े कार्गो से मालभाड़ा लागत कम हो सकती है, जिससे आर्थिक गणित बेहतर हो सकता है. इस साल की शुरुआत में वेनेजुएला का अधिकांश तेल मध्यम आकार के टैंकरों के जरिए अमेरिका या कैरेबियाई स्टोरेज सेंटर तक भेजा जा रहा था. VLCC के उपयोग की ओर यह बदलाव एक महत्वपूर्ण लॉजिस्टिक अपग्रेड माना जा रहा है.
वेनेजुएला का तेल निर्यात बढ़ा
प्रतिबंधों में राहत के बाद जनवरी में वेनेजुएला का तेल निर्यात बढ़कर लगभग 8 लाख बैरल प्रतिदिन हो गया, जो दिसंबर में करीब 5 लाख बैरल प्रतिदिन था. हालांकि तेज बढ़ोतरी के कारण लाखों बैरल तेल भंडारण में पड़ा हुआ है — जिसे भारत के रिफाइनर अवशोषित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं. कुल मिलाकर, वेनेजुएला से भारत को सुपर टैंकरों के जरिए तेल आपूर्ति का यह नया चरण वैश्विक ऊर्जा व्यापार में बदलते समीकरणों और भारत की ऊर्जा सुरक्षा रणनीति का अहम हिस्सा बनकर उभर रहा है.