- केरल में डेढ़ साल के बच्चे की क्रूरता से मौत हुई।
- पोस्टमॉर्टम में 51 चोटें, निजी अंग जलाए गए थे।
- मां के लिव-इन पार्टनर ने बच्चे को बाधा माना।
- पुलिस ने मां की भूमिका को भी संदिग्ध बताया।
केरल की राजधानी तिरुवनंतपुरम से एक ऐसी दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जिसने इंसानियत को शर्मसार कर दिया है. महज डेढ़ साल के मासूम अरशिद की मौत के पीछे जो सच सामने आया है वह किसी खौफनाक अपराध की कहानी से कम नहीं है.
पिछले शुक्रवार (29 मई, 2026) को डेढ़ साल के अरशिद को गंभीर हालत में श्री अवित्तोम तिरुनाल अस्पताल लाया गया था. उसके साथ उसकी मां का लिव-इन पार्टनर ए. अश्कर मौजूद था, जिसने डॉक्टरों को बताया कि बच्चा खाना खाते समय दम घुटने की वजह से बेहोश हो गया, लेकिन अस्पताल पहुंचने के कुछ ही देर बाद मासूम को मृत घोषित कर दिया गया.
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हुआ हैरान करने वाला खुलासा
जब पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट सामने आई तो पूरे मामले ने भयावह मोड़ ले लिया. रिपोर्ट में बच्चे के शरीर पर 51 चोटों के निशान मिले. इनमें ताजा घावों के साथ-साथ पुराने जख्म और चोटों के निशान भी शामिल थे, जो इस बात की ओर इशारा करते हैं कि बच्चे को लंबे समय से लगातार प्रताड़ित किया जा रहा था.
जांच में सामने आया कि बच्चे के दोनों हाथ टूटे हुए थे, पसलियां भी क्षतिग्रस्त थीं और उसके निजी अंगों पर सिगरेट से जलाए जाने के निशान पाए गए. पुलिस के अनुसार, यह कोई एक दिन का अत्याचार नहीं, बल्कि महीनों तक चली क्रूरता का नतीजा था.
अपराध के बारे में पुलिस ने क्या कहा?
नदुमंगड के डिप्टी एसपी के बिजू कुमार ने बताया कि अश्कर 18 महीने के अरशिद को अपने और अखिला के रिश्ते में बाधा मानता था. इसी वजह से वह बच्चे को रास्ते से हटाना चाहता था. पुलिस का कहना है कि इस अपराध में बच्चे की मां अखिला की भी भूमिका थी और उसने इस अत्याचार को रोकने के बजाय उसका साथ दिया.
पुलिस की पूछताछ में अश्कर ने बताया कि घटना वाले दिन अखिला एक डांस कार्यक्रम के सिलसिले में तमिलनाडु गई हुई थी और बच्चा उसके पास था. जब वह बच्चे को खाना खिला रहा था तो उसके रोने से वह गुस्से में आ गया और उसने मासूम का सिर दीवार पर दे मारा. पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में सिर के अंदर गंभीर रक्तस्राव की पुष्टि हुई है, जो मौत का प्रमुख कारण बना.
पुलिस जांच में क्या हुआ खुलासा?
जांच में यह भी सामने आया है कि घटना के बाद दोनों ने सबूत मिटाने की कोशिश की. पुलिस को उनके किराये के मकान के पीछे जले हुए खून से सने कपड़ों के अवशेष मिले हैं. पुलिस के अनुसार, अखिला और अश्कर पिछले करीब पांच महीनों से साथ रह रहे थे. अखिला के पति अखिल ने बच्चे के जन्म से पहले ही आत्महत्या कर ली थी. दूसरी ओर, अश्कर पहले से शादीशुदा था. उसकी पत्नी अमीना के परिवार ने भी उस पर गंभीर प्रताड़ना के आरोप लगाए हैं.
बच्चे की नानी ने किया हैरान करने वाला खुलासा
सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि बच्चे की नानी रीना ने दावा किया है कि उन्हें पहले से अत्याचार की जानकारी थी. उन्होंने बताया कि दो महीने पहले उन्होंने पुलिस से संपर्क भी किया था, जब बच्चे के हाथों पर प्लास्टर चढ़ा हुआ था. उस समय अखिला और अश्कर ने कहा था कि बच्चा साइकिल से गिर गया था. अब पुलिस इस पूरे मामले की गहन जांच कर रही है, लेकिन डेढ़ साल के मासूम अरशिद की मौत ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं.
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