G-7 में ट्रंप ने अमेरिका के परमाणु हथियारों की ताकत पर किया बड़ा खुलासा, फिर चीन से डरे, बोले- ‘वो 5 साल में…’


अमेरिका और ईरान के बीच समझौते पर हस्ताक्षर हो चुके हैं. राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने फ्रांस में G-7 के दौरान इस डील पर साइन किए हैं. इससे पहले उन्होंने कहा कि अगर हमने B-2 बॉम्बर से ईरान पर हमला नहीं किया होता या फिर ये हमला सफल नहीं होता तो आज उनके पास परमाणु बम होता. इस दौरान उन्होंने चीन का भी जिक्र किया.

ट्रंप ने कहा, ‘वैसे तो हमारे पास दुनिया की सबसे बेहतरीन सेना है, लेकिन मुझे ‘स्पेस फ़ोर्स’ पर गर्व है क्योंकि मैंने ही इसे शुरू किया था. आप यकीन नहीं करेंगे कि हमारे पास कितनी बेहतरीन चीज़ें हैं. इसीलिए हम इतने सफल रहे हैं. इसीलिए हमारी घेराबंदी (नाकेबंदी) इतिहास में एक अविश्वसनीय घटना के तौर पर याद की जाएगी. ऐसी घेराबंदी किसी ने कभी नहीं देखी. यह एक स्टील की दीवार की तरह है, लेकिन अगर हमने B-2 बॉम्बर से ईरान पर हमला न किया होता या वह सफल न होता तो उनके पास परमाणु हथियार. यानी बहुत ऊंचे स्तर का परमाणु बम होता. सबसे ऊंचे स्तर का नहीं, लेकिन काफ़ी ऊंचे स्तर का ज़रूर होता.’

चीन के परमाणु हथियारों पर क्या बोले ट्रंप?

अमेरिकी राष्ट्रपति ने इस दौरान चीन का भी जिक्र किया. उन्होंने कहा, ‘हमारे पास उनसे कहीं ज़्यादा बड़े हथियार हैं, लेकिन हम उम्मीद करते हैं कि हमें कभी उनका इस्तेमाल न करना पड़े. हमारे पास सबसे ज़्यादा हथियार हैं. रूस दूसरे नंबर पर है. चीन अभी काफी पीछे है, लेकिन वह तेजी से आगे बढ़ रहा है. अफ़सोस की बात है कि वे तेजी से आगे बढ़ रहे हैं. शायद 5 साल में वे हमारे बराबर आ जाएंगे.’

ट्रंप ने परमाणु हथियारों को खत्म करने के लिए भी एक समझौता करने का सुझाव दिया. उन्होंने कहा, ‘हमें परमाणु हथियार खत्म करने का एक बहुत अच्छा समझौता करना चाहिए. हमें इन सब चीजों की जरूरत नहीं है. हमें इतनी क्षमता की जरूरत नहीं है कि हम पूरी दुनिया को 300 बार तबाह कर सकें. सच कहूं तो यह बहुत भयानक बात है. अगर हम परमाणु हथियार खत्म करने का समझौता कर सकें तो मुझे बहुत अच्छा लगेगा.’

ये भी पढ़ें- G7 में ट्रंप ने पीएम मोदी से ऐसा क्या कहा? खुद प्रधानमंत्री नहीं रोक पाए अपनी हंसी, ‘वो चौंका देते हैं…’

सिर्फ 9 देशों के पास परमाणु हथियार

बता दें कि दुनिया के सिर्फ 9 देशों के पास परमाणु हथियार हैं. इनमें- अमेरिका, रूस, चीन, फ्रांस, यूनाइटेड किंगडम, पाकिस्तान, भारत, इजरायल और उत्तर कोरिया शामिल हैं. इन देशों के पास कुल मिलाकर 12 हजार से ज्यादा परमाणु हथियार (वॉरहेड) हैं, जिनमें से 90 फीसदी अकेले अमेरिका और रूस के पास हैं. रूस के पास 5400 से 5500 न्यूक्लियर वॉरहेड हैं, इनमें से 4300 से 4400 तो तत्काल सैन्य उपयोग के लिए तैयार हैं. वहीं अमेरिका के पास 5000 से 5200 परमाणु हथियार हैं, जिनमें से 3700 रेडी टू यूज हैं, जबकि चीन के पास 600 वॉरहेड हैं.

क्या ईरान पर फिर हमला करेगा अमेरिका? ट्रंप ने क्या बताया

यूएस प्रेसिडेंट ने कहा, ‘ईरान और मज़बूत और कठोर हो गया था. अगर हमने पहली बार में उन्हें और उनके हथियारों को नष्ट न किया होता तो उन्हें रोकना नामुमकिन हो जाता. मैं एक बार फिर उन सभी देशों का, और इजरायल व बीबी नेतन्याहू का शुक्रिया अदा करना चाहता हूं. यह एक समझौता MoU है, लेकिन कुछ बातों पर हमारी बिना लिखे ही सहमति बनी है. अगर वे इसका पालन नहीं करते हैं तो हम शायद उन पर तब तक बमबारी करते रहेंगे जब तक वे इसे मान न लें.’

ये भी पढ़ें- ‘अगर मोदी के PM रहते भारत पर हुआ हमला, तो यूएस आएगा आगे’, जानें ट्रंप ने और क्या-क्या किए वादे





Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *