NDA की सहयोगी नेशनलिस्ट सिटीजन्स पार्टी में शामिल होंगे TMC के सभी बागी सांसद, काकोली घोष दस्तीदार ने किया कंफर्म


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  • टीएमसी के बागी सांसद एक नई पार्टी में विलय कर रहे।
  • बागी सांसदों का नेशनलिस्ट सिटीजन्स पार्टी में विलय तय हुआ।
  • नेशनलिस्ट सिटीजन्स पार्टी पहले से ही NDA का हिस्सा है।
  • यह गुट बिना शर्त केंद्र सरकार को समर्थन देगा।

पश्चिम बंगाल के राजनीतिक गलियारों में इस वक्त तृणमूल कांग्रेस (TMC) के बागी सांसदों के गुट को लेकर एक बड़ी खबर सामने आई है. दरअसल, इस बात की जोरों-शोर से चर्चा हो रही है कि ममता बनर्जी के नेतृत्व वाली टीएमसी से विमुख हुए सांसद उत्तर-पूर्वी भारत की एक राजनीतिक पार्टी के साथ विलय करने पर विचार कर सकते हैं. जिस पर अब बागी सांसदों की गुट की नेता काकोली घोष दस्तीदार और शताब्दी रॉय ने मुहर लगा दी है.

सूत्रों के मुताबिक, लोकसभा सांसद काकोली घोष दस्तीदार ने कहा है कि तृणमूल कांग्रेस (TMC) के बागी सांसदों का गुट त्रिपुरा की नेशनलिस्ट सिटीजन्स पार्टी में विलय कर रहा है. वहीं, शताब्दी रॉय ने कहा कि हम नेशनलिस्ट सिटीजन्स पार्टी के साथ जा रहे हैं. 

लोकसभा अध्यक्ष से मिलने के बाद बोलीं काकोली घोष

टीएमसी सांसद काकोली घोष दस्तीदार ने रविवार (14 जून, 2026) को लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला के आवास पर अन्य बागी सांसदों के साथ मुलाकात की. उन्होंने कहा, “हम तृणमूल कांग्रेस से निर्वाचित 20 सांसदों ने स्पीकर से मुलाकात की और अलग बैठने की अनुमति देने का अनुरोध करते हुए एक पत्र सौंपा है. ये 20 सांसद हमारी कुल संख्या के दो-तिहाई से ज्यादा हैं. हम नेशनलिस्ट सिटीजन्स पार्टी में विलय कर रहे हैं. आगे चलकर हम देश के लिए काम करेंगे और प्रधानमंत्री के नेतृत्व में एनडीए के साथ मिलकर सहयोग करेंगे.’ 

NDA की सहयोगी पार्टी है नेशनलिस्ट सिटीजन्स पार्टी

यह पार्टी पहले से ही केंद्रीय सत्ता में बैठी भारतीय जनता पार्टी (BJP) के नेतृत्व वाले राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) का हिस्सा है. जिसका फैलाव भारत के उत्तर-पूर्वी राज्यों के साथ-साथ पश्चिम बंगाल तक है. इस बात की चर्चा के सामने आने के बाद पश्चिम बंगाल के साथ-साथ पूरे उत्तर-पूर्व के राजनीतिक गलियारों में भूचाल आ गया है. 

पूर्वात्तर राज्यों में पार्टी का वर्चस्व

उल्लेखनीय है कि नेशनलिस्ट सिटीजन्स पार्टी का वर्चस्व मुख्य रूप से असम, त्रिपुरा और उत्तर-पूर्व के कई अन्य राज्यों के साथ-साथ पश्चिम बंगाल में भी माना जाता है. सूत्रों के मुताबिक, टीएमसी के बागी नेताओं का यह धड़ा न सिर्फ पूर्वात्तर की इस पार्टी में विलय करेगा, बल्कि यह केंद्र की सत्तारूढ़ NDA सरकार को बिना किसी शर्त के अपना पूर्ण समर्थन भी देगा.  

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